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Health Tips: कम उम्र में हार्ट अटैक का खतरा कम करने के लिए अपनाएं 7 आदतें, लंबे समय तक स्वस्थ रहेगा दिल

हार्ट अटैक का खतरा कम करने के लिए अपनाएं 7 हेल्दी आदतें। जानें दिल को स्वस्थ रखने के लिए सही खानपान, एक्सरसाइज, नींद और जरूरी हेल्थ टिप्स।

Health Desk : देर रात तक जागना, घंटों एक जगह बैठकर काम करना, अनियमित खानपान और लगातार तनाव अब आम हो गए हैं। इस भागदौड़ भरी जिंदगी में लोग करियर, काम और दूसरी जिम्मेदारियों के बीच अपनी सेहत को अक्सर नजरअंदाज कर देते हैं। इन आदतों का असर धीरे-धीरे शरीर पर पड़ता है और दिल की सेहत भी इससे अछूती नहीं रहती। यही वजह है कि हृदय रोगों से बचाव को लेकर जागरूक रहना हर उम्र के व्यक्ति के लिए जरूरी है।

हार्ट अटैक को केवल बुजुर्गों की बीमारी समझना भी सही नहीं है। कम उम्र में भी हृदय संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। हालांकि, हर हार्ट अटैक का कारण एक जैसा नहीं होता और इसके पीछे कई जोखिम कारक काम कर सकते हैं। अच्छी बात यह है कि संतुलित खानपान, नियमित शारीरिक गतिविधि और समय पर स्वास्थ्य जांच जैसी आदतें हृदय रोगों के खतरे को कम करने में मदद कर सकती हैं।आइए जानते हैं दिल को स्वस्थ रखने के लिए रोजमर्रा की जिंदगी में कौन-सी 7 आदतें अपनाना फायदेमंद हो सकता है।

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1. रोजाना टहलने और व्यायाम करने की आदत डालें

दिल को स्वस्थ रखने के लिए शारीरिक रूप से सक्रिय रहना बेहद जरूरी है। नियमित व्यायाम हृदय की कार्यक्षमता बेहतर बनाने, ब्लड प्रेशर नियंत्रित रखने और वजन संतुलित बनाए रखने में मदद कर सकता है।इसके लिए जिम जाना जरूरी नहीं है। आप रोजाना तेज कदमों से टहल सकते हैं, साइकिल चला सकते हैं, तैराकी कर सकते हैं या अपनी क्षमता के अनुसार योग और अन्य गतिविधियां कर सकते हैं।
वयस्कों को सामान्यतः सप्ताह में कम से कम 150 मिनट मध्यम तीव्रता वाली शारीरिक गतिविधि करने का लक्ष्य रखना चाहिए। लंबे समय तक लगातार बैठे रहने के बजाय बीच-बीच में उठकर चलना भी फायदेमंद है।

2. खाने की थाली में शामिल करें पौष्टिक चीजें

दिल की सेहत का सीधा संबंध खानपान से भी है। अत्यधिक नमक, ट्रांस फैट, ज्यादा संतृप्त वसा और अल्ट्रा-प्रोसेस्ड खाद्य पदार्थों का नियमित सेवन हृदय रोगों के जोखिम को बढ़ा सकता है।इसके बजाय भोजन में फल, हरी सब्जियां, दालें, साबुत अनाज, मेवे और पर्याप्त प्रोटीन शामिल करें। तली हुई चीजों की जगह उबले, भुने या कम तेल में बने खाद्य पदार्थों को प्राथमिकता दें।साथ ही, पैकेट वाले खाद्य पदार्थ खरीदते समय उनमें मौजूद सोडियम और अतिरिक्त चीनी की मात्रा पर ध्यान दें। संतुलित आहार न केवल दिल, बल्कि पूरे शरीर की सेहत के लिए महत्वपूर्ण है।

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3. धूम्रपान और तंबाकू से बनाएं दूरी

धूम्रपान दिल की सेहत के लिए गंभीर जोखिम कारकों में से एक है। तंबाकू में मौजूद हानिकारक पदार्थ रक्त वाहिकाओं को नुकसान पहुंचा सकते हैं और दिल तक ऑक्सीजन पहुंचाने की प्रक्रिया को प्रभावित कर सकते हैं।

सिगरेट, बीड़ी और अन्य तंबाकू उत्पादों से दूरी बनाना हृदय रोगों का जोखिम कम करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। दूसरों के धुएं के संपर्क से भी बचना चाहिए।अगर आप धूम्रपान करते हैं और इसे छोड़ने में परेशानी हो रही है, तो डॉक्टर से सहायता ले सकते हैं। तंबाकू छोड़ने के फायदे समय के साथ बढ़ते हैं और इससे संपूर्ण स्वास्थ्य को लाभ मिलता है।

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4. नींद पूरी करें, शरीर को दें आराम

रात में देर तक जागना और पर्याप्त नींद न लेना लंबे समय में स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकता है। खराब नींद का संबंध हाई ब्लड प्रेशर, मोटापे और अन्य हृदय संबंधी जोखिम कारकों से पाया गया है।अधिकांश वयस्कों को हर रात कम से कम 7 घंटे की नींद लेने का लक्ष्य रखना चाहिए।

इसके लिए सोने और जागने का समय नियमित रखें, रात में कैफीन का सेवन सीमित करें और सोने से पहले मोबाइल या अन्य स्क्रीन का इस्तेमाल कम करें।यदि पर्याप्त नींद लेने के बावजूद दिनभर थकान रहती है या सोते समय तेज खर्राटे और सांस रुकने जैसी समस्या होती है, तो चिकित्सकीय सलाह लेना उचित है।

5. तनाव को लंबे समय तक हावी न होने दें

लगातार मानसिक तनाव शरीर पर कई तरह से असर डाल सकता है। तनाव के दौरान ब्लड प्रेशर और हृदय गति बढ़ सकती है। लंबे समय तक तनाव में रहने से नींद, खानपान और शारीरिक गतिविधियों की आदतें भी प्रभावित हो सकती हैं।तनाव कम करने के लिए रोजाना कुछ समय अपनी पसंद की गतिविधियों के लिए निकालें।

गहरी सांस लेने का अभ्यास, ध्यान, योग, प्रकृति के बीच टहलना और परिवार या दोस्तों के साथ समय बिताना मददगार हो सकता है।यदि तनाव लंबे समय तक बना रहता है और रोजमर्रा के जीवन को प्रभावित करता है, तो मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ की सहायता लेने में संकोच न करें।

6. ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्रॉल और ब्लड शुगर की जांच कराते रहें

दिल को स्वस्थ रखने के लिए केवल अच्छा महसूस करना पर्याप्त नहीं है। हाई ब्लड प्रेशर, बढ़ा हुआ कोलेस्ट्रॉल और डायबिटीज कई बार शुरुआती दौर में स्पष्ट लक्षण नहीं दिखाते, लेकिन समय के साथ हृदय रोगों का खतरा बढ़ा सकते हैं।

इसलिए उम्र, पारिवारिक इतिहास और अन्य जोखिम कारकों के अनुसार नियमित स्वास्थ्य जांच कराना महत्वपूर्ण है। यदि ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्रॉल या ब्लड शुगर बढ़ा हुआ है, तो डॉक्टर की सलाह के अनुसार इसे नियंत्रित करें।स्वस्थ वजन बनाए रखना भी फायदेमंद है। इसके लिए नियमित गतिविधि, संतुलित भोजन और पर्याप्त नींद पर ध्यान दें।

7. पर्याप्त पानी पिएं और शराब से दूरी को प्राथमिकता दें

शरीर में पानी की कमी होने पर कमजोरी और चक्कर जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इसलिए दिनभर अपनी जरूरत के अनुसार पर्याप्त पानी पीना जरूरी है। पानी की आवश्यकता मौसम, शारीरिक गतिविधि और स्वास्थ्य की स्थिति के अनुसार बदल सकती है।

हालांकि, यह समझना जरूरी है कि ज्यादा पानी पीने से सीधे हार्ट अटैक का खतरा कम होने का प्रमाण नहीं है। जिन लोगों को हृदय या किडनी की बीमारी के कारण तरल पदार्थ सीमित रखने की सलाह दी गई है, उन्हें डॉक्टर के निर्देशों का पालन करना चाहिए।इसके अलावा, शराब का सेवन न करना सबसे सुरक्षित विकल्प है। शराब पीने से ब्लड प्रेशर और अन्य स्वास्थ्य जोखिम बढ़ सकते हैं।

हार्ट अटैक के इन लक्षणों को न करें नजरअंदाज

दिल को स्वस्थ रखने वाली आदतों के साथ हार्ट अटैक के संभावित लक्षणों की जानकारी होना भी जरूरी है। इसके प्रमुख संकेतों में शामिल हैं:
• छाती में दबाव, जकड़न, भारीपन या दर्द।
• हाथ, कंधे, पीठ, गर्दन या जबड़े में दर्द या असहजता।
• सांस लेने में परेशानी।
• ठंडा पसीना, मतली या अचानक चक्कर आना।
• बिना स्पष्ट कारण अचानक अत्यधिक कमजोरी या बेचैनी।
हर व्यक्ति में लक्षण एक जैसे नहीं होते। महिलाओं, बुजुर्गों और डायबिटीज से पीड़ित लोगों में कुछ लक्षण कम स्पष्ट भी हो सकते हैं।

यदि हार्ट अटैक का संदेह हो, तो तुरंत आपातकालीन चिकित्सा सहायता लें। लक्षण अपने आप ठीक होने का इंतजार न करें और खुद गाड़ी चलाकर अस्पताल जाने से बचें।

 

 

अमिताभ सिन्हा

अमिताभ सिन्हा hpbltop.com के वरिष्ठ राजनीतिक संपादक हैं। पत्रकारिता में 12 वर्षों से अधिक के अनुभव के साथ, उन्हें भारतीय राजनीति, चुनावी रणनीतियों और संसद की कार्यवाही की गहरी समझ है। अमिताभ की रिपोर्टिंग तथ्यों पर आधारित और निष्पक्ष होती है। वे जटिल सरकारी नीतियों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुँचाने में माहिर हैं। खाली समय में वे राजनीतिक इतिहास पढ़ना पसंद करते हैं। ईमेल: amitabh@hpbltop.com

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