…जब जयराम महतो ने किया कॉल : साड़ी पहनकर नंगे पांव दौड़ी महिला को जयराम महतो ने किया फोन, बोले- ‘दीदी, आपमें मुझे अपनी मां दिखी’
...When Jairam Mahto called: Jairam Mahto phoned the woman who had run barefoot while wearing a saree, saying, "Didi, I saw my mother in you."

रामगढ़। साड़ी पहनकर और नंगे पांव 1600 मीटर की दौड़ पूरी करने वाली रामगढ़ की कविता कुमारी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद अब जयराम महतो ने उनसे फोन पर बात की है। वीडियो देखने के बाद जयराम महतो ने कविता को फोन किया और उनके संघर्ष की तारीफ करते हुए मदद का भरोसा दिया।
फोन पर बातचीत के दौरान जयराम महतो ने कविता से कहा, “दीदी, आपमें मुझे अपनी मां दिखी।” उन्होंने कहा कि जिस तरह सीमित संसाधनों के बावजूद कविता ने हिम्मत के साथ दौड़ पूरी की, वह उनके लिए प्रेरणादायक है। जयराम महतो ने कविता को हरसंभव मदद का भरोसा भी दिलाया।
वायरल वीडियो ने खींचा जयराम महतो का ध्यान
दरअसल, रामगढ़ के दुलमी की रहने वाली कविता कुमारी का 1600 मीटर दौड़ते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था। खास बात यह थी कि कविता ने स्पोर्ट्स ड्रेस या रनिंग शूज के बजाय साड़ी पहनकर नंगे पांव दौड़ लगाई।वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोग कविता के जज्बे की जमकर तारीफ कर रहे थे। इसी वायरल वीडियो पर जयराम महतो की भी नजर पड़ी और उन्होंने कविता से सीधे फोन पर बात की।
‘आपमें मुझे अपनी मां दिखी’
कविता से बातचीत में जयराम महतो ने उनके संघर्ष और हौसले की सराहना की। उन्होंने भावुक अंदाज में कहा कि कविता में उन्हें अपनी मां की छवि नजर आई।जयराम महतो ने कविता को यह भरोसा भी दिलाया कि उनकी तैयारी और आगे के सफर में जरूरत पड़ने पर मदद की जाएगी। फोन पर हुई इस बातचीत ने कविता की कहानी को एक नया मोड़ दे दिया।
होमगार्ड बहाली की तैयारी कर रही हैं कविता
कविता रामगढ़ में होने वाली होमगार्ड बहाली की तैयारी कर रही हैं। 24 अक्टूबर से 5 नवंबर के बीच होने वाली भर्ती प्रक्रिया के लिए अभ्यर्थी इन दिनों शारीरिक परीक्षा की तैयारी में जुटे हैं।इसी तैयारी के तहत 4 अक्टूबर को एक निजी डिफेंस अकादमी ने 1600 मीटर दौड़ का ट्रायल आयोजित किया था। कविता भी इसमें शामिल हुई थीं।
साड़ी और नंगे पांव में पूरी की 1600 मीटर दौड़
कविता जब मैदान में उतरीं तो उनके पास न तो रनिंग शूज थे और न ही स्पोर्ट्स ड्रेस। वह साड़ी पहनकर ही दौड़ने पहुंची थीं। इसके बावजूद उन्होंने नंगे पांव 1600 मीटर की दौड़ पूरी की।उनकी दौड़ का वीडियो वायरल होने के बाद लोगों ने इसे संघर्ष और हौसले की मिसाल बताया। वीडियो पर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आईं और कविता की कहानी बड़ी संख्या में लोगों तक पहुंची।
अकादमी ने भी किया सम्मानित
कविता के वायरल वीडियो के बाद अंकित रनर अकादमी ने भी उन्हें सम्मानित करने का फैसला किया। अकादमी के सदस्य उनके घर पहुंचे और उनके जज्बे की सराहना की।अब जयराम महतो के फोन कॉल और मदद के भरोसे के बाद कविता की कहानी एक बार फिर चर्चा में है। सीमित संसाधनों के बीच सरकारी नौकरी का सपना लेकर मैदान में उतरी कविता के संघर्ष ने सोशल मीडिया से लेकर आम लोगों तक का ध्यान खींचा है।












