झारखंड: हे भगवान! खिलौना समझ असली पिस्टल से खेल रहा था साढ़े 3 साल का मासूम, सर में गोली लगने से मौत, मामा ने दे दिया था खेलने के लिए तमंचा..

बोकारो। दुर्गापूजा की खुशियों के बीच बोकारों से एक बड़ी मार्मिक खबर आ रही है। बोकारों जिले के माराफारी थाना क्षेत्र के कर्नल मार्केट स्थित रांची मोहल्ले में गोली लगने से साढ़े तीन साल के मासूम साहिल कुमार की मौत हो गई। जो घटना को लेकर जानकारी आयी है, उसके मुताबिक, बच्चा पिस्टल को खिलौना समझकर उससे खेल रहा था। इसी दौरान अचानक गोली चल गई, जो उसके सिर में लगी। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा है, जबकि इलाके में शोक का माहौल है।
खेलते समय अचानक चली गोली
मिली जानकारी के अनुसार, मृतक बच्चे की पहचान शंकर राम के साढ़े तीन वर्षीय पुत्र साहिल राम के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि बच्चे के मामा ने उसे खेलने के लिए असली पिस्टल दे दी थी। बच्चा हथियार को खिलौना समझकर उससे खेलने लगा। इसी दौरान ट्रिगर दबने से गोली चल गई और उसके सिर में जा लगी।गोली लगने से बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया। हालांकि, उसे बचाया नहीं जा सका। इस घटना से परिवार के लोगों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मामा पर असली पिस्टल देने का आरोप
इस घटना को लेकर परिवार की ओर से लगाए गए आरोपों के मुताबिक, बच्चे के मामा राजेश कुमार ने उसे खेलने के लिए पिस्टल दी थी। परिजनों का कहना है कि उन्हें भी इस बात की जानकारी नहीं थी कि हथियार असली है।घटना के बाद से राजेश कुमार के फरार होने की जानकारी सामने आई है। हालांकि, इस संबंध में पुलिस की आधिकारिक पुष्टि और जांच के निष्कर्ष सामने आना बाकी है।
मौके पर पहुंची पुलिस, हथियार जब्त
घटना की सूचना मिलते ही माराफारी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने हथियार को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि जिस पिस्टल से गोली चली, वह लाइसेंसी थी या गैर-लाइसेंसी।इसके साथ ही घटना की परिस्थितियों और हथियार बच्चे तक कैसे पहुंचा, इसकी भी जांच की जा रही है। पुलिस बच्चे के मामा की तलाश कर रही है।
मासूम की मौत से मोहल्ले में शोक
साढ़े तीन साल के बच्चे की इस तरह मौत से परिवार और आसपास के इलाके में शोक का माहौल है। घटना ने छोटे बच्चों की पहुंच से हथियारों को दूर रखने की जरूरत को भी सामने ला दिया है।फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। हथियार के स्रोत, घटना के पूरे घटनाक्रम और जिम्मेदार लोगों की भूमिका को लेकर जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।












