Jamshedpur News: बड़ा हादसा- तालाब में डूबे दो डॉक्टर, मोबाइल निकालने के प्रयास में हुआ हादसा,
जमशेदपुर के डिमना लेक के प्रतिबंधित तालाब में एमजीएम मेडिकल कॉलेज के दो जूनियर डॉक्टर डूब गए। मोबाइल निकालने के प्रयास में हुआ हादसा, तीसरा डॉक्टर तैरकर बचा।

जमशेदपुर। झारखंड के जमशेदपुर में शुक्रवार तड़के एक दर्दनाक हादसा हो गया। दो डाक्टर तालाब में डूब गये, जबकि एक डाक्टर की किसी तरह से जान बच गयी। घटना जमशेदपुर के प्रतिबंधित डिमना लेक की है। मेडिकल कॉलेज और अस्पताल परिसर में शोक की लहर दौड़ा दी। डिमना लेक के पास स्थित प्रतिबंधित (डेंजर जोन) तालाब में एमजीएम मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के दो जूनियर डॉक्टर डूब गए, जबकि तीसरा डॉक्टर किसी तरह तैरकर बाहर निकल आया। घटना के बाद पुलिस और गोताखोरों की टीम लापता डॉक्टरों की तलाश में जुटी हुई है।
मोबाइल निकालने के प्रयास में हुआ हादसा
घटना को लेकर मिली जानकारी के अनुसार, एमजीएम मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के तीन जूनियर डॉक्टर समीर, सक्षम और यश शुक्रवार तड़के डिमना लेक के पास तालाब किनारे पार्टी कर रहे थे। यह क्षेत्र प्रशासन द्वारा पहले से ही डेंजर जोन घोषित किया गया है और यहां आम लोगों के प्रवेश पर रोक है। बावजूद ये तीनों डाक्टर उस खतरनाक स्थल पर पहुंच गये और पार्टी करने लगे।
जो प्रारंभिक बातें तालाब से निकले डाक्टर ने बताया, उसके मुताबिक पार्टी के दौरान एक डॉक्टर का मोबाइल फोन तालाब में गिर गया। मोबाइल निकालने के लिए एक डॉक्टर पानी में उतरा, लेकिन तालाब की गहराई का अंदाजा नहीं होने के कारण वह डूबने लगा। उसे बचाने के लिए दूसरा डॉक्टर भी पानी में कूद गया, लेकिन वह भी गहरे पानी में फंस गया।
तीसरे डॉक्टर ने बचाने की कोशिश की
दोनों साथियों को डूबता देख तीसरे डॉक्टर यश ने भी तालाब में छलांग लगा दी। यश को तैरना आता था, इसलिए वह किसी तरह सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहा। हालांकि, समीर और सक्षम गहरे पानी में डूब गए। बाहर निकलने के बाद यश ने तत्काल अपने साथियों और पुलिस को घटना की सूचना दी। इसके बाद पुलिस, प्रशासन और गोताखोरों की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू अभियान शुरू किया।
लगातार बारिश से बढ़ा था तालाब का जलस्तर
स्थानीय लोगों के अनुसार, पिछले कई दिनों से हो रही लगातार बारिश के कारण तालाब का जलस्तर काफी बढ़ गया है, जिससे पानी की गहराई और खतरा दोनों बढ़ गए हैं। घटनास्थल से समीर और सक्षम की चप्पलें बरामद हुई हैं।गोताखोर लगातार दोनों डॉक्टरों की तलाश कर रहे हैं। वहीं पुलिस जीवित बचे डॉक्टर यश से पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटा रही है।
अस्पताल और मेडिकल कॉलेज में शोक
हादसे की सूचना मिलते ही एमजीएम अस्पताल के कई जूनियर डॉक्टर, वरिष्ठ चिकित्सक और मेडिकल कॉलेज के कर्मचारी घटनास्थल पर पहुंच गए। इस दर्दनाक घटना के बाद अस्पताल और मेडिकल कॉलेज में शोक का माहौल है। सभी को रेस्क्यू अभियान के सफल होने और दोनों डॉक्टरों के बारे में जानकारी मिलने का इंतजार है।









