उमर अब्दुल्ला से पहले भी 9 मुख्यमंत्रियों ने की दूसरी शादी, किसी ने CM की कुर्सी पर रहते लिए सात फेरे तो किसी ने पद छोड़ने के बाद बसाया घर, तीन CM ने तो ….
उमर अब्दुल्ला और निधि राजदान की दूसरी शादी के बाद चर्चा में आए देश के 9 चर्चित नेता। भगवंत मान, वीरभद्र सिंह, एनटीआर और दिग्विजय सिंह समेत जानिए पूरी कहानी।

नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने वरिष्ठ पत्रकार और टीवी एंकर निधि राजदान के साथ शादी कर अपनी जिंदगी की नई शुरुआत की है। 30 अक्टूबर को विवाह और 31 अक्टूबर को सोशल मीडिया पर तस्वीरें साझा कर दोनों ने अपने रिश्ते को सार्वजनिक किया। उमर अब्दुल्ला ने तस्वीरों के साथ लिखा, ‘A new journey began yesterday’, जबकि निधि राजदान ने ‘It’s done bro’ लिखकर इस नए रिश्ते की पुष्टि की।
उमर अब्दुल्ला की यह दूसरी शादी है। इससे पहले उनकी शादी पायल अब्दुल्ला से हुई थी। दोनों का वैवाहिक रिश्ता करीब तीन दशक तक चला और 31 जुलाई 2026 को सुप्रीम कोर्ट ने आपसी सहमति से उनके विवाह को समाप्त कर दिया था।
उमर और निधि की शादी सामने आने के बाद एक बार फिर भारतीय राजनीति के उन नेताओं की चर्चा शुरू हो गई है, जिन्होंने अपनी जिंदगी में दूसरी शादी की। दिलचस्प बात यह है कि इनमें कई ऐसे मुख्यमंत्री भी शामिल हैं, जिन्होंने मुख्यमंत्री पद पर रहते हुए ही दूसरी बार शादी की। कुछ नेताओं की दूसरी शादी उस समय राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा का बड़ा विषय बनी थी।
आइए जानते हैं देश के ऐसे चर्चित मुख्यमंत्रियों के बारे में, जिन्होंने पहली शादी के बाद दूसरी बार अपना जीवनसाथी चुना।
मुख्यमंत्री रहते हुए दूसरी शादी करने वाले नेता
1. भगवंत मान: पंजाब के मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री आवास में रचाई दूसरी शादी

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान का नाम इस सूची में सबसे चर्चित उदाहरणों में शामिल है। उन्होंने 7 जुलाई 2022 को मुख्यमंत्री पद पर रहते हुए डॉ. गुरप्रीत कौर के साथ दूसरी शादी की थी।
भगवंत मान की पहली शादी इंद्रप्रीत कौर से हुई थी। दोनों के दो बच्चे हैं। वर्ष 2015 में उनका तलाक हुआ था। इसके करीब सात साल बाद भगवंत मान ने चंडीगढ़ में एक निजी समारोह में डॉ. गुरप्रीत कौर के साथ सात फेरे लिए।
इस शादी में दिल्ली के तत्कालीन मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल सहित आम आदमी पार्टी के कई नेता शामिल हुए थे। भगवंत मान की दूसरी शादी ने उस समय खूब सुर्खियां बटोरी थीं।
2. डॉ. यशवंत सिंह परमार: हिमाचल के पहले मुख्यमंत्री ने 1974 में की थी दूसरी शादी

हिमाचल प्रदेश के निर्माता और राज्य के पहले मुख्यमंत्री डॉ. यशवंत सिंह परमार की निजी जिंदगी भी इस सूची में शामिल है।
उनकी पहली शादी चंद्रवती चौहान से हुई थी। वर्ष 1969 में पहली पत्नी के निधन के बाद उन्होंने 1974 में सत्यवती डांग के साथ दूसरी शादी की। उस समय उनकी उम्र करीब 68 वर्ष थी और वे हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री थे।
बताया जाता है कि उनका विवाह मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास ओक ओवर में हुआ था। सत्यवती डांग बाद में राज्यसभा सदस्य भी रहीं।
3. वीरभद्र सिंह: मुख्यमंत्री रहते प्रतिभा सिंह से की दूसरी शादी

हिमाचल प्रदेश की राजनीति के दिग्गज नेता वीरभद्र सिंह ने भी दूसरी शादी की थी। उनकी पहली पत्नी रत्ना कुमारी का वर्ष 1983 में निधन हो गया था।
इसके बाद वर्ष 1985 में उन्होंने प्रतिभा सिंह के साथ विवाह किया। उस समय वीरभद्र सिंह हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री थे।
प्रतिभा सिंह ने भी आगे चलकर राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाई। वह मंडी लोकसभा सीट से सांसद रहीं और हिमाचल प्रदेश कांग्रेस की अध्यक्ष की जिम्मेदारी भी संभाली। उनके बेटे विक्रमादित्य सिंह भी प्रदेश की राजनीति में सक्रिय हैं।
4. एच.डी. कुमारस्वामी: कन्नड़ अभिनेत्री राधिका से गुपचुप शादी की चर्चा

कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री एच.डी. कुमारस्वामी की दूसरी शादी भी काफी चर्चित रही। उन्होंने वर्ष 2006 में कन्नड़ फिल्म अभिनेत्री राधिका से शादी की थी।
खास बात यह थी कि उस समय कुमारस्वामी कर्नाटक के मुख्यमंत्री थे और उनकी पहली पत्नी अनीता कुमारस्वामी से उनका वैवाहिक रिश्ता भी मौजूद था।
कुमारस्वामी और राधिका की शादी का खुलासा सार्वजनिक रूप से वर्ष 2010 में हुआ, जब अभिनेत्री ने खुद अपने विवाह की पुष्टि की। उन्होंने बताया था कि दोनों की शादी करीब चार साल पहले हुई थी। इस रिश्ते से उनकी एक बेटी भी है।
इस शादी की चर्चा वर्ष 2018 में भी हुई, जब कुमारस्वामी दोबारा मुख्यमंत्री बनने जा रहे थे।
मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद या राजनीतिक जीवन में दूसरी शादी करने वाले नेता
5. नारायण दत्त तिवारी: 88 साल की उम्र में रचाई दूसरी शादी

उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री रह चुके कांग्रेस के वरिष्ठ नेता नारायण दत्त तिवारी की दूसरी शादी भी काफी चर्चा में रही।
उनकी पहली पत्नी सुशीला का वर्ष 1991 में निधन हो गया था। इसके बाद 15 मई 2014 को 88 वर्ष की उम्र में उन्होंने उज्ज्वला शर्मा के साथ विवाह किया।
लखनऊ में उनके आवास पर बेहद सादे समारोह में शादी हुई थी। इस विवाह से पहले उज्ज्वला शर्मा और उनके बेटे रोहित शेखर को लेकर तिवारी लंबे समय तक कानूनी विवाद में भी रहे थे। बाद में उन्होंने रोहित शेखर को अपना जैविक पुत्र स्वीकार किया था।
6. बिप्लब कुमार देब: त्रिपुरा के पूर्व मुख्यमंत्री ने अभिनेत्री से की दूसरी शादी

त्रिपुरा के पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा सांसद बिप्लब कुमार देब की दूसरी शादी भी वर्ष 2026 में चर्चा में रही।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्होंने 19 जून 2026 को कन्नड़ अभिनेत्री त्रिवेणी राव के साथ विवाह किया। यह उनकी दूसरी शादी थी। इससे पहले उनका विवाह नीति देब से हुआ था।
रिपोर्ट्स के अनुसार, पहली शादी वर्ष 2025 में समाप्त हुई थी। इसके बाद उन्होंने त्रिवेणी राव के साथ नई जिंदगी की शुरुआत की। शादी की खबर सामने आने के बाद राजनीतिक और मनोरंजन जगत में इसकी खूब चर्चा हुई।
7. एन.टी. रामाराव: लेखिका लक्ष्मी पार्वती से शादी के बाद बदल गई आंध्र की राजनीति

आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और तेलुगु सिनेमा के सुपरस्टार एन.टी. रामाराव यानी एनटीआर की दूसरी शादी भारतीय राजनीति की सबसे चर्चित शादियों में गिनी जाती है।
एनटीआर की पहली पत्नी बसव तारकम का वर्ष 1985 में कैंसर के कारण निधन हो गया था। इसके करीब आठ साल बाद 1993 में उन्होंने तेलुगु लेखिका लक्ष्मी पार्वती से दूसरी शादी की।
लक्ष्मी पार्वती पहले एनटीआर की जीवनी लिख रही थीं। इसी दौरान दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और बाद में उन्होंने विवाह कर लिया।
इस शादी का असर केवल एनटीआर के परिवार तक सीमित नहीं रहा। आंध्र प्रदेश की राजनीति में भी इसके बाद बड़ा घटनाक्रम देखने को मिला। वर्ष 1995 में एनटीआर के दामाद एन. चंद्रबाबू नायडू के नेतृत्व में पार्टी के भीतर विद्रोह हुआ और सत्ता की कमान उनके हाथों में चली गई।
8. मुलायम सिंह यादव: साधना गुप्ता से शादी भी रही चर्चा में

समाजवादी पार्टी के संस्थापक और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव की निजी जिंदगी भी राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय रही।
मुलायम सिंह की पहली पत्नी मालती देवी थीं। साधना गुप्ता के साथ उनके संबंध लंबे समय तक चर्चा में रहे। वर्ष 2003 में मुलायम सिंह यादव और साधना गुप्ता की शादी हुई।
मुलायम सिंह की पहली पत्नी मालती देवी का निधन भी वर्ष 2003 में हुआ था। साधना गुप्ता से उनके बेटे प्रतीक यादव हैं। अखिलेश यादव ने अपनी आत्मकथा में भी परिवार से जुड़े इस रिश्ते का उल्लेख किया है।
9. दिग्विजय सिंह: टीवी पत्रकार अमृता राय से दूसरी शादी

मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह की दूसरी शादी भी काफी सुर्खियों में रही।
दिग्विजय सिंह की पहली पत्नी आशा सिंह का फरवरी 2013 में कैंसर के कारण निधन हो गया था। इसके बाद उनकी नजदीकियां टीवी पत्रकार अमृता राय के साथ चर्चा में आईं।
वर्ष 2014 में दोनों ने अपने रिश्ते को सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया। इसके बाद सितंबर 2015 में चेन्नई में हिंदू रीति-रिवाजों के अनुसार दोनों ने शादी कर ली। बाद में विवाह का पंजीकरण भी कराया गया।
उस समय दिग्विजय सिंह की उम्र 68 वर्ष थी, जबकि अमृता राय 44 वर्ष की थीं। उम्र के अंतर के कारण भी इस शादी को लेकर काफी चर्चा हुई थी।
उमर अब्दुल्ला की दूसरी शादी ने फिर ताजा की पुरानी चर्चाएं
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला और निधि राजदान की शादी ने एक बार फिर राजनीति और निजी जिंदगी के रिश्ते को चर्चा में ला दिया है।उमर अब्दुल्ला की पहली शादी वर्ष 1994 में पायल नाथ से हुई थी। दोनों के दो बेटे जाहिर और जमीर हैं। लंबे समय तक अलग रहने के बाद जुलाई 2026 में सुप्रीम कोर्ट ने दोनों का विवाह समाप्त कर दिया।

अब निधि राजदान के साथ उनकी दूसरी शादी ने नई चर्चा शुरू कर दी है।
भारतीय राजनीति में भगवंत मान, यशवंत सिंह परमार, वीरभद्र सिंह, कुमारस्वामी, एनटीआर और दिग्विजय सिंह जैसे नेताओं के उदाहरण बताते हैं कि सार्वजनिक जीवन की व्यस्तताओं के बीच नेताओं की निजी जिंदगी भी अक्सर सुर्खियों का हिस्सा बनती रही है।
हालांकि, हर नेता की परिस्थितियां और पारिवारिक पृष्ठभूमि अलग रही हैं। किसी ने जीवनसाथी के निधन के बाद दूसरी शादी की, किसी ने तलाक के बाद और किसी के वैवाहिक रिश्ते लंबे समय तक सार्वजनिक चर्चा का विषय बने रहे। उमर अब्दुल्ला की शादी इसी कड़ी का नया चर्चित अध्याय बन गई है।












