रोज-रोज गैस-एसिडिटी की दवा लेना पड़ सकता है भारी, हड्डियों से लेकर किडनी तक पर असर का खतरा; डॉक्टर ने दी चेतावनी, बिना दवा ऐसे होगी एसिडिटी दूर

Gas-Acidity Medicine Side Effects: गैस, एसिडिटी और सीने में जलन आजकल बेहद आम समस्या है। कुछ भी खाने के बाद गैस बन जाना आम परेशानी है। लिहाजा, लोग बिना कुछ जाने समझे एंटाएसिड मेडिसिन ले लेते हैं। कुछ भी पैस संबंधी दिक्कत होने पर लोग बिना डॉक्टर की सलाह के एंटासिड या एसिड कम करने वाली दवाएं लेना शुरू कर देते हैं। परेशानी बढ़ने पर कई लोग इन दवाओं का इस्तेमाल महीनों या वर्षों तक करते रहते हैं।
डॉक्टरों के मुताबिक, जरूरत से ज्यादा और लंबे समय तक ऐसी दवाओं का सेवन बिना चिकित्सकीय निगरानी के करना नुकसानदायक हो सकता है। गैस्ट्रोलॉजिस्ट डॉ. रोहित कश्यप के मुताबिक, गैस और एसिडिटी की दवाएं अगर सही मात्रा में, सही समय पर और डॉक्टर की सलाह के अनुसार ली जाएं तो मरीज को फायदा पहुंचाती हैं। लेकिन इन्हें अपनी मर्जी से लंबे समय तक लेते रहने पर कुछ लोगों में दुष्प्रभाव देखने को मिल सकते हैं।
हर बार गैस होना सिर्फ एसिडिटी नहीं
डॉक्टर कश्यप के अनुसार बार-बार गैस या सीने में जलन होने पर केवल दवा खाकर समस्या को दबाना सही तरीका नहीं है। इसके पीछे GERD, अल्सर, IBS या पाचन तंत्र से जुड़ी अन्य समस्याएं भी हो सकती हैं।इसलिए यदि एसिडिटी बार-बार होती है या लगातार दवा की जरूरत पड़ रही है तो डॉक्टर से जांच और उचित सलाह लेना जरूरी है।
लंबे समय तक एंटासिड लेने के संभावित नुकसान
1. हड्डियों पर पड़ सकता है असर
कुछ एसिड कम करने वाली दवाओं के लंबे समय तक इस्तेमाल से पोषक तत्वों के अवशोषण पर असर पड़ सकता है। इससे कुछ लोगों में कैल्शियम और विटामिन-डी की स्थिति प्रभावित हो सकती है और लंबे समय में हड्डियों की कमजोरी का जोखिम बढ़ सकता है।
2. संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है
पेट का एसिड शरीर की प्राकृतिक सुरक्षा व्यवस्था का हिस्सा है। लंबे समय तक एसिड को कम करने वाली दवाओं के इस्तेमाल से कुछ संक्रमणों का जोखिम बढ़ सकता है। इनमें आंतों के कुछ बैक्टीरियल संक्रमण और कुछ मामलों में श्वसन संक्रमण शामिल हैं।
3. विटामिन B12 और मैग्नीशियम की कमी
लंबे समय तक कुछ एसिड-सप्रेसिंग दवाएं लेने से विटामिन B12 और मैग्नीशियम जैसे पोषक तत्वों की कमी का खतरा बढ़ सकता है। इसकी वजह से कमजोरी, थकान, मांसपेशियों में ऐंठन या हाथ-पैरों में झनझनाहट जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
4. किडनी से जुड़ी समस्या का जोखिम
लंबे समय तक कुछ एसिड कम करने वाली दवाओं के इस्तेमाल को किडनी से जुड़ी कुछ समस्याओं से भी जोड़ा गया है। हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि हर व्यक्ति में किडनी की बीमारी होगी। दवा की जरूरत, अवधि और मरीज की अन्य स्वास्थ्य स्थितियों के आधार पर डॉक्टर ही सही निर्णय लेते हैं।
5. गंभीर बीमारी की पहचान में देरी
सबसे महत्वपूर्ण समस्या यह है कि बार-बार दवा लेकर एसिडिटी के लक्षण दबाने से कभी-कभी मूल बीमारी की पहचान में देरी हो सकती है। लगातार सीने में जलन या पेट की परेशानी GERD, अल्सर या दूसरी गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल समस्या से जुड़ी हो सकती है।
क्या रोज एंटासिड लेना सही है?
बिना डॉक्टर की सलाह के रोजाना या लंबे समय तक एंटासिड लेना सही नहीं माना जाता। कुछ लोगों को डॉक्टर लंबे समय के लिए एसिड कम करने वाली दवा लिख सकते हैं, लेकिन ऐसे मामलों में दवा की जरूरत, मात्रा और अवधि चिकित्सकीय निगरानी में तय की जाती है।इसलिए यदि आपको सप्ताह में बार-बार एसिडिटी होती है या लगभग रोज दवा लेनी पड़ रही है, तो खुद से दवा जारी रखने के बजाय गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट से सलाह लेना बेहतर है।
गैस और एसिडिटी से बचने के लिए क्या करें?
दवा के अलावा रोजमर्रा की आदतों में बदलाव भी मददगार हो सकते हैं:
• बहुत तला-भुना और अत्यधिक मसालेदार खाना कम करें।
• भोजन के तुरंत बाद न लेटें।
• रात का खाना सोने से कुछ घंटे पहले लें।
• पर्याप्त पानी पिएं।
• वजन अधिक है तो धीरे-धीरे वजन नियंत्रित करें।
• धूम्रपान और शराब से बचें।
• तनाव को कम करने और पर्याप्त नींद लेने की कोशिश करें।
• जिन खाद्य पदार्थों से आपको बार-बार एसिडिटी होती है, उन्हें पहचानकर कम करें।
ध्यान दें: अजवाइन, नारियल पानी, दही या छाछ जैसे घरेलू उपाय कुछ लोगों को राहत दे सकते हैं, लेकिन ये हर व्यक्ति में प्रभावी नहीं होते। लगातार या गंभीर एसिडिटी होने पर घरेलू उपायों के भरोसे दवा या जांच को टालना उचित नहीं है।
कब डॉक्टर से तुरंत संपर्क करें?
अगर सीने में जलन के साथ तेज या नया सीने का दर्द, सांस लेने में परेशानी, खून की उल्टी, काला मल, लगातार उल्टी, निगलने में कठिनाई, बिना वजह वजन कम होना या लगातार बढ़ते लक्षण हों तो इसे सामान्य गैस मानकर खुद से दवा न लें और चिकित्सकीय जांच कराएं।
जरूरी बात: यह जानकारी सामान्य स्वास्थ्य जागरूकता के लिए है। एंटासिड या एसिड कम करने वाली दवा डॉक्टर की सलाह के बिना लंबे समय तक न लें और पहले से चल रही प्रिस्क्रिप्शन दवा को खुद से बंद न करें।










