JSSC–TGT नियुक्ति मामला: झारखंड हाईकोर्ट में हुई अहम सुनवाई, डबल बेंच ने दिये ये अहम निर्देश, मिलेगी राहत

रांची। कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) बनाम मीना कुमारी एवं अन्य से जुड़े टीजीटी (TGT) नियुक्ति मामले में झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। चीफ जस्टिस की अध्यक्षता वाली खंडपीठ में महत्वपूर्ण सुनवाई हुई। इस दौरान आयोग द्वारा दायर अपील पर अदालत ने कई अहम निर्देश जारी किए और प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए समयसीमा तय की।
यह अपील उस एकल पीठ के फैसले को चुनौती देते हुए दाखिल की गई है, जिसमें 2034 रिक्त पदों को भरने और पूरे मामले की जांच के लिए एक वन मैन फैक्ट फाइंडिंग कमेटी के गठन का निर्देश दिया गया था। हाईकोर्ट के आदेश के बाद राज्य सरकार ने उक्त फैक्ट फाइंडिंग कमेटी का गठन भी कर दिया है।
सुनवाई के दौरान खंडपीठ ने मामले से जुड़े सभी इंटरवेंशन एप्लीकेशनों को स्वीकार कर लिया। इसके साथ ही JSSC और राज्य सरकार की ओर से दाखिल इंटरलोक्यूटरी एप्लीकेशन (IA) तथा संशोधन (Amendment) याचिकाओं को भी मंजूरी प्रदान की गई। राज्य सरकार द्वारा दाखिल लिमिटेशन संबंधी आवेदन को भी अदालत ने स्वीकार कर लिया।
अदालत ने स्पष्ट निर्देश दिया कि सभी केविएटर्स और इंटरवेंनर्स के अधिवक्ताओं को मेमो ऑफ अपील की प्रति डिजिटल माध्यम से उपलब्ध कराई जाए। इसके लिए संबंधित अधिवक्ताओं से उनके मोबाइल नंबर और ई-मेल आईडी भी उपलब्ध कराने को कहा गया है, ताकि प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे।
खंडपीठ ने पूरी प्रक्रिया को दो सप्ताह के भीतर पूरा करने का आदेश दिया है। मामले की अगली विस्तृत सुनवाई 30 जून को दोपहर 2:15 बजे निर्धारित की गई है। गौरतलब है कि इंटरवेंनर्स वे याचिकाकर्ता होते हैं, जिन पर सीधे तौर पर अपील दायर नहीं की जाती, लेकिन अदालत के अंतिम फैसले का प्रभाव उन पर भी पड़ सकता है। ऐसे में उन्हें भी अपना पक्ष रखने का अवसर प्रदान किया गया है।









