झारखंड में शिक्षकों के तबादले पर बड़ी खबर: जिला पदाधिकारी की धीमी रफ्तार पर भड़का शिक्षा विभाग, अधिकारियों को दी सख्त चेतावनी
Jharkhand teacher transfer news: Education department irked by district officials' slow pace, issues stern warning

राँची – 30 दिसंबर 2025: झारखंड के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों के अंत: जिला स्थानांतरण (Intra District Transfer) की प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही लापरवाही का मामला सामने आया है। प्राथमिक शिक्षा निदेशक मनोज कुमार रंजन ने ई-विद्या वाहिनी (e-Vidyavahini) पोर्टल पर शिक्षकों के डेटा एंट्री की धीमी गति को लेकर सभी जिला शिक्षा अधीक्षकों (DSE) को कड़ी फटकार लगाई है।
क्या है पूरा मामला?
प्राथमिक शिक्षा निदेशालय द्वारा जारी पत्र (ज्ञापांक 2326) के अनुसार, राज्य के प्रारंभिक विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों के तबादले के लिए जनवरी के प्रथम सप्ताह में ऑनलाइन ट्रांसफर मॉड्यूल लाइव किया जाना है। इसके लिए सभी स्कूलों को शिक्षकों के स्वीकृत, कार्यरत और रिक्त पदों का डेटा 11 दिसंबर 2025 तक ई-विद्या वाहिनी पर अपलोड करना था।
आंकड़े बेहद चिंताजनक:
विभाग द्वारा की गई समीक्षा में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं:
- राज्य में कुल प्रारंभिक विद्यालय: 34,886
- अब तक डेटा एंट्री हुई: मात्र 6,546 विद्यालयों की
- डेटा फ्रीज (Lock) किया गया: केवल 1,571 विद्यालयों का
शिक्षा निदेशक ने इस प्रगति को “अत्यंत ही चिंताजनक” बताया है।
30 दिसंबर तक का अल्टीमेटम:
विभाग ने सख्त निर्देश दिया है कि किसी भी हाल में 30 दिसंबर 2025 तक सभी शिक्षकों का डेटा ई-विद्या वाहिनी पर अपडेट और फ्रीज कर दिया जाए। इसके लिए निम्नलिखित निर्देश जारी किए गए हैं:
- 29 दिसंबर तक एंट्री: सभी प्रधानाध्यापक या जिला एमआईएस (MIS) पदाधिकारी के माध्यम से 29 दिसंबर तक डेटा एंट्री सुनिश्चित करें।
- सत्यापन: कार्यालय में उपलब्ध अभिलेखों से मिलान कर डेटा को फ्रीज करें।
कार्रवाई की चेतावनी:
निदेशक ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित तिथि (30.12.2025) तक कार्य पूर्ण नहीं होता है, तो संबंधित जिला शिक्षा अधीक्षक के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू की जाएगी।
यहां पढ़ें पत्र…









