हेमंत कैबिनेट अपडेट : शिक्षक व कर्मचारियों की भर्ती पर सरकार का बड़ा फैसला, नर्सिंग स्टूडेंट्स को भी मिली बड़ी राहत, आवास निर्माण पर भी निर्णय
Hemant Cabinet Update: Government takes major decision on recruitment of teachers and staff, nursing students get major relief, decision on housing construction too

रांची/24.2.26। हेमंत कैबिनेट की बैठक में आज कई बड़े फैसले हुए। झारखंड मंत्रालय में आयोजित कैबिनेट बैठक में कुल 23 प्रस्तावों पर विचार किया गया, जिनमें से 22 प्रस्तावों पर मुहर लगी, जबकि एक प्रस्ताव को स्थगित कर दिया गया। नगर निकाय चुनाव की आचार संहिता प्रभावी होने के कारण सरकार की ओर से कोई आधिकारिक ब्रीफिंग नहीं की गई ।
नर्सिंग स्टूडेंट्स पर फैसला
कैबिनेट की बैठक का सबसे उल्लेखनीय फैसला नर्सिंग छात्रों के हित में रहा। राज्य के कई निजी नर्सिंग कॉलेजों में झारखंड संयुक्त प्रतियोगिता प्रवेश परीक्षा पर्षद की काउंसिलिंग के बिना ही छात्र-छात्राओं का नामांकन कर लिया गया था। इन संस्थानों ने सीधे प्रवेश देकर निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया, जिसके चलते झारखंड यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नॉलोजी द्वारा ऐसे विद्यार्थियों को परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं दी जा रही थी। इससे सैकड़ों छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया था।
राज्य सरकार ने इस जटिल स्थिति को देखते हुए नियमों को एक बार के लिए शिथिल करने का निर्णय लिया। इस विशेष छूट के तहत निजी नर्सिंग कॉलेजों में नामांकित छात्र-छात्राएं अब परीक्षा में शामिल हो सकेंगे। यह कदम छात्रों के हित में राहतकारी माना जा रहा है, क्योंकि वे अब अपनी पढ़ाई पूरी कर नर्सिंग की डिग्री प्राप्त कर सकेंगे। सरकार का तर्क है कि विद्यार्थियों की गलती न होने के बावजूद उन्हें दंडित करना न्यायसंगत नहीं होगा।
शिक्षक भर्ती पर बड़ा फैसला
कैबिनेट ने शिक्षा व्यवस्था से जुड़ा एक और अहम निर्णय लेते हुए नेतरहाट आवासीय विद्यालय में नियुक्ति संबंधी नियमावली में बदलाव किया। अब विद्यालय के प्राचार्य, उप-प्राचार्य, शिक्षक और शिक्षकेत्तर कर्मियों की नियुक्तियां झारखंड लोक सेवा आयोग या झारखंड कर्मचारी चयन आयोग के माध्यम से की जाएंगी। इस परिवर्तन का उद्देश्य नियुक्ति प्रक्रिया में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करना है। इससे पहले सरकार ने विद्यालय के संचालन हेतु नई नियमावली को मंजूरी देते हुए चार स्तरीय प्रशासनिक ढांचा भी स्वीकृत किया था, जिसमें एपेक्स बॉडी से लेकर विद्यालय प्रबंध समिति तक का गठन शामिल है। नई व्यवस्था के तहत सभापति एक्स-नेतरहाटीयन होंगे, जिनके लिए योग्यता मानदंड तय किए गए हैं।
कैबिनेट बैठक में आवास निर्माण नीति से जुड़ा एक प्रस्ताव भी चर्चा में रहा। चाईबासा क्षेत्र में अबुआ आवास निर्माण के लिए एस्बेस्टस एवं सीट के उपयोग का प्रस्ताव रखा गया था। मुख्यमंत्री ने इस प्रस्ताव को स्थगित करते हुए ग्रामीण विकास विभाग को निर्देश दिया कि स्थानीय परिस्थितियों और लोगों के रहन-सहन को ध्यान में रखते हुए नया प्रस्ताव तैयार किया जाए। उन्होंने खपड़ा, टाइल्स या स्थानीय रूप से उपलब्ध निर्माण सामग्री के उपयोग पर जोर दिया, ताकि आवास अधिक टिकाऊ और क्षेत्रीय जरूरतों के अनुरूप बन सकें।








