दोस्ती के भरोसे पर 13 लाख का कर्ज, गहने भी दिए; रकम मिलते ही पूरा परिवार घर में ताला लगाकर फरार
जमशेदपुर के साकची थाना क्षेत्र में दोस्त के भाई का कारोबार शुरू कराने के नाम पर 13 लाख रुपये का लोन लेने और सोने के गहने देने का मामला सामने आया है। महिला ने दोस्त और उसके परिवार पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया है।

जमशेदपुर। भाई-बहन की जोड़ी ने बड़ा गोलमाल किया है। शहर के साकची थाना क्षेत्र से दोस्ती और भरोसे का कत्ल करते हुए 13 लाख हड़प लिये। एक महिला ने अपनी करीबी दोस्त के भाई का कारोबार शुरू कराने में मदद के लिए अपने नाम पर करीब 13 लाख रुपये का लोन लिया और अपने सोने के गहने भी दे दिए। आरोप है कि शुरुआत में कुछ समय तक लोन की किस्तें चुकाने के बाद दोस्त और उसके परिवार ने भुगतान बंद कर दिया और घर में ताला लगाकर फरार हो गए।
मामले में काशीडीह लाइन नंबर 13 निवासी मेघा बोस ने अपनी दोस्त रीना कुमारी और उसके परिवार के खिलाफ साकची थाने में लिखित शिकायत दी है। पीड़िता ने कारोबार शुरू कराने के नाम पर पैसे और गहने लेने के बाद धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया है। फिलहाल पुलिस शिकायत के आधार पर मामले की जांच कर रही है। आरोपों की वास्तविकता और कथित रकम के इस्तेमाल की तस्वीर जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
दोस्त की बात पर अपने नाम से लिया 13 लाख का लोन
मेघा बोस के मुताबिक, भुइयांडीह शिव मंदिर पटना लाइन निवासी रीना कुमारी ने अपने भाई संजय कुमार साहनी का कारोबार शुरू कराने के लिए उनसे मदद मांगी थी। रीना ने भरोसा दिलाया था कि लोन की किस्तों का भुगतान वह और उसका परिवार समय पर करते रहेंगे।
दोस्त की बात पर भरोसा करते हुए मेघा ने अपने नाम पर अलग-अलग फाइनेंस कंपनियों से करीब 13 लाख रुपये का लोन लिया। शिकायत के अनुसार, लोन की रकम रीना कुमारी, उसके भाई संजय कुमार साहनी और मां मंजू देवी के बैंक खातों में ट्रांसफर की गई।
गहने और क्रेडिट कार्ड से भी दिए पैसे
पीड़िता का आरोप है कि उसने केवल लोन की रकम ही नहीं दी, बल्कि अपनी शादी के समय के सोने के गहने भी रीना को दिए थे। इसके अलावा क्रेडिट कार्ड और स्वाइप मशीन के जरिए करीब 1.50 लाख रुपये भी रीना के खाते में जमा किए गए।मेघा के अनुसार, शुरुआत में रीना और उसके परिवार ने कुछ महीनों तक लोन की किस्तें चुकाईं। इससे उनका भरोसा और मजबूत हो गया। लेकिन बाद में अचानक किस्तों का भुगतान बंद कर दिया गया।
घर बंद मिला, परिवार हुआ फरार
किस्तें बंद होने के बाद जब मेघा ने रीना और उसके परिवार से संपर्क करने की कोशिश की तो कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिला। बाद में जब वह उनके घर पहुंचीं तो वहां ताला लगा हुआ था। आरोप है कि रीना और उसका पूरा परिवार घर छोड़कर फरार हो चुका है।
लोन मेघा के नाम पर होने के कारण अब फाइनेंस कंपनियों की किस्त चुकाने की जिम्मेदारी भी उन्हीं पर आ गई है। इससे वह भारी आर्थिक परेशानी में हैं। पीड़िता को आशंका है कि रीना दिल्ली में रहने वाले अपने पति आशीष कुमार के पास छिपी हो सकती है।
कार और ट्रेलर खरीदने में रकम लगाने का आरोप
मेघा ने अपनी शिकायत में यह भी आशंका जताई है कि उसके नाम से ली गई रकम का इस्तेमाल कार और 12-चक्का ट्रेलर खरीदने में किया गया। शिकायत में कार का नंबर जेएच 05 डीवाई 9199 बताया गया है।पीड़िता ने संजय कुमार के दोस्त केशव की भूमिका पर भी संदेह जताया है। उसका आरोप है कि घटना के बाद से केशव भी कार लेकर फरार है।
बैंक खातों और लेनदेन की जांच की मांग
मेघा बोस ने साकची थाना पुलिस से मामले में प्राथमिकी दर्ज कर बैंक खातों, लोन से जुड़े दस्तावेजों, रकम के ट्रांसफर और वाहन खरीद से संबंधित बिलों की जांच करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने कथित तौर पर दिए गए रुपये और गहनों की बरामदगी की भी गुहार लगाई है।












