शिक्षकों की खबर : शिक्षकों के प्रमोशन, वेतन और अन्य परेशानियों का मौके पर होगा समाधान, शिक्षा विभाग शिक्षकों के लिए करेगा खास व्यवस्था
Teachers' news: Teachers' promotion, salary and other problems will be resolved on the spot; the Education Department will make special arrangements for teachers.

Teacher News : सरकारी स्कूल में पदस्थ शिक्षकों को अब प्रोन्नति, वेतन विसंगति और वेतन वृद्धि जैसे मामलों पर विभाग जल्द बड़े निर्णय लेगा। अब शिक्षकों को इन समस्याओं को लेकर बार-बार जिला कार्यालय और मुख्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। शिक्षा विभाग ने इसी माह से हर जिले में विशेष कैंप लगाकर शिक्षकों की लंबित समस्याओं का मौके पर समाधान करने का निर्णय लिया है। बिहार में शिक्षकों के लिए हर जिले में ये सुविधा दी जायेगी।
बिहार के शिक्षा विभाग ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है। शिक्षकों की लंबित प्रोन्नति, वेतन विसंगति के निष्पादन, वेतन वृद्धि, एसी-डीसी बिल समायोजन जैसे मामलों के लिए जिला कार्यालयों से लेकर मुख्यालय में शिविर लगेगी। शिक्षा विभाग की ओर से सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों (डीईओ) को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं।विभाग का उद्देश्य है कि शिक्षकों को समय पर न्याय मिले और वे अपने मूल दायित्व यानी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने पर ध्यान केंद्रित कर सकें।
अपर मुख्य सचिव डॉ. बी. राजेन्दर की अध्यक्षता में एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई थी। बैठक के दौरान उन्होंने पाया कि राज्य के सरकारी विद्यालयों में कार्यरत लगभग 98 प्रतिशत शिक्षकों को दिसंबर माह का वेतन भुगतान कर दिया गया है। शेष बचे शिक्षकों के वेतन भुगतान में हो रही देरी पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए संबंधित जिला शिक्षा पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि एक सप्ताह के भीतर सभी बकाया वेतन का भुगतान सुनिश्चित किया जाए।
एसी-डीसी बिल के समायोजन और उपयोगिता प्रमाण-पत्र जमा नहीं किए जाने के मामलों को गंभीरता से लिया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि जिन जिलों में एसी-डीसी बिल का समायोजन लंबित है, वहां प्राथमिकता के आधार पर एक सप्ताह के भीतर समायोजन की प्रक्रिया पूरी की जाए। उन्होंने कहा कि सरकारी राशि का समय पर समायोजन और उपयोगिता प्रमाण-पत्र देना अनिवार्य है और इसमें किसी भी तरह की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी।
डॉ. बी. राजेन्दर ने यह भी चेतावनी दी कि जिन जिलों की इस दिशा में प्रगति संतोषजनक नहीं पाई जाएगी और जो जिले बिल समायोजन में लगातार पीछे चल रहे हैं, वहां के जिला शिक्षा पदाधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने का भी निर्देश दिया गया है।बैठक में अनुकंपा के आधार पर विद्यालय लिपिक एवं विद्यालय परिचारी के पदों पर की जा रही नियुक्तियों की अद्यतन स्थिति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि इन नियुक्तियों से जुड़े लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन किया जाए, ताकि पात्र परिवारों को समय पर लाभ मिल सके।









